झज्जर: वीर, शहीदी दिवस पर कृषि मंत्री ओपी धनखड़ ने शहीदों को दी श्रंद्धाजलि 0 49

हरियाणा के झज्जर शहर में शहीदों के सम्मान में कृष्ण धर्मशाला में यादव समाज द्वारा सम्मान समारोह आयोजन किया गया। जिसमें शहीद परिवार और जिले के गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे, कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में हरियाणा सरकार में कृषि मंत्री ओम प्रकाश धनखड़ ने शिरकत की।

समारोह में पहुंचने पर कृषि मंत्री ओम प्रकाश धनखड़ का भव्य स्वागत किया गया और उन्हें हरियाणा के सम्मान का प्रतीक पगड़ी पहनाकर उन्हें सम्मान दिया गया कार्यक्रम में कृषि मंत्री ने जिले के खिलाड़ियों को और शहीद परिवारों को भी सम्मानित किया।

कार्यक्रम में कृषि मंत्री ने जिले के खिलाड़ियों को और शहीद परिवारों को भी सम्मानित किया कृषि मंत्री ने अपने भाषण के माध्यम से आम जनता को बताया कि सरकार ने 234 शहीद परिवारों को नौकरी देने का काम किया है पिछली सरकारों ने शहीद परिवारों को 20 लाख रुपए की राशि देती थी लेकिन भाजपा सरकार ने इस राशि को बढ़ाकर 60 लाख कर दी है। जितना सम्मान इस सरकार में शहीदों को मिला है उतना आज तक किसी भी सरकार ने नहीं किया है।

धनखड़ ने केजरीवाल के बयान पर पलटवार करते हुए कहा कि उन्हें बस राजनीति करने आता है, जो शहीदों के उपर राजनीति करे, वह व्यक्ति छोटी मानसिकता का होता है। झज्जर जिला उपायुक्त सोनल गोयल ने भी सैनिक भवन में पहुंच कर शहीद स्मारक पर श्रंद्धाजलि अर्पित की और सलामी भी दी,वही शहीद परिवारों की वीरांगनाओ को भी सम्मानित किया गया।

वही ओलंपिक खिलाड़ी विजेता बजरंग पुनिया द्वारा हरियाणा सरकार पर लगाए गंभीर आरोप के उपर मीडिया ने सवाल पूछा इसका जबाव देते कृषि मंत्री ने कहा कि खिलाड़ियों को ऐसी भाषा का प्रयोग नहीं करना चाहिए। हरियाणा सरकार सभी खिलाड़ियों का सम्मान करती है और मेरी नॉलेज में बजरंग पुनिया का ऐसा कोई बयान नहीं है, और इसे कहते हुए कृषि मंत्री ओमप्रकाश धनखड़ पीछा छुड़ाते नजर आए।

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केजरीवाल सरकार को HC से झटका, GTB अस्पताल में सभी मरीज करा सकेंगे इलाज 0 28

दिल्ली हाईकोर्ट से झटका लगने के बाद केजरीवाल सरकार अब सुप्रीम कोर्ट जाने वाली है। केजरीवाल सरकार, दिल्ली से बाहर के लोगों को अपने सरकारी अस्पताल में इलाज की पर्याप्त सुविधा न देने पर अड़ी हुई है। हाई कोर्ट द्वारा दिल्ली सरकार की इलाज संबंधी अधिसूचना को रद्द करने के देर बाद ही सरकार ने इस मामले में अपना रुख स्पष्ट कर दिया। आप नेता नागेंद्र शर्मा ने कहा कि दिल्ली सरकार हाई कोर्ट के फैसले से असहमत है। सरकार दिल्ली वालों को जीटीबी अस्पताल में इलाज में प्राथमिकता दिलाकर रहेगी। इसके लिए दिल्ली सरकार हाई कोर्ट के फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती देगी।

केजरीवाल सरकार को झटका

वहीं इससे पहले केजरीवाल सरकार को दिल्ली हाईकोर्ट से बड़ा झटका लगा है। दरअसल दिल्ली हाईकोर्ट ने दिल्ली सरकार की मरीजों के इलाज संबंधी अधिसूचना को खारिज कर दिया है। अधिसूचना खारिज होने के बाद अब पहले की तरह कोई भी दिल्ली के गुरु तेग बहादुर अस्पताल में इलाज करा सकेगा।

हाईकोर्ट ने क्या कहा

हाई कोर्ट ने कहा कि दिल्ली के सरकारी अस्पतालों में इलाज से किसी भी मरीज के साथ भेदभाव नहीं किया जाएगा। कोर्ट ने माना कि दिल्ली सरकार का सर्कुलर मनमाना है। मेडीकल सेवाओं में भेदभाव किसी भी लिहाज़ से मरीजों के साथ नाइंसाफी है। अदालत ने सर्कुलर को मौलिक अधिकार का हनन माना।

क्या है पूरा मामला

बता दें कि दिल्ली सरकार ने एक अधिसूचना लागू कर दिल्ली के अस्पतालों में 80 फीसदी तक इलाज की सेवाएं केवल दिल्लीवासियों के लिए आरक्षित कर दी थी। इसके साथ ही दिल्ली के अस्पतालों में 80 फीसदी के तहत इलाज कराने के लिए मतदाता पहचान पत्र अनिवार्य कर दिया गया था। दिल्ली सरकार की इस अधिसूचना को एक एनजीओं ने हाई कोर्ट में चुनौती दी थी। याचिका पर सुनवाई करते हुए हाई कोर्ट ने अब इस अधिसूचना को खारिज कर दिया है। इससे एनसीआर के करोड़ों लोगों को बड़ी राहत मिलेगी।

झज्जर: डीसी ने कुप्रथाओं को समाप्त कर बेटियों के प्रति सोच पर जागृति की दस्तक का किया आह्वान 0 31

झज्जर- गांव धनीरवास के लोगों के लिए शुक्रवार की सुबह उस समय खास बन गई जब झज्जर जिले की उपायुक्त सोनल गोयल ने ग्रामीण महिलाओं के साथ सुबह-सुबह ना केवल मटका दौड़ की बल्कि उनके साथ रस्साकशी के खेल में भाग लिया। इनता ही नहीं डीसी ने ग्रामीण छात्राओं की एक स्वच्छता साइकिल रैली भी निकाली।

जिला प्रशासन ने झज्जर जिले के गांव धनीरवास में जिला उपायुक्त सोनल गोयल के नेतृत्व में तमाम अधिकारियों के साथ रात्रि समाज चौपाल का आयोजन किया गया। जहां ग्रामिणों की समसस्यांए सुनी गई। इतना ही नहीं मौके पर ही विभागीय अधिकारियों के माध्यम से समस्याओं का समाधान कराया गया।
इस दौरान डीसी ने कुप्रथाओं को समाप्त कर बेटियों के प्रति सोच पर जागृति की दस्तक का आह्वान किया। साथ ही डीसी ने गांव में घूंघट प्रथा को खत्म कराया। पहली बार धनीरवास गांव की महिलाएं घूंघट हटकार किसी कार्यक्रम में पहुंची। सरपंच सहित तमाम ग्रामिणों ने घूंघट प्रथा के फैसले का स्वागत किया।

वहीं शुक्रवार की सुबह भी जिला प्रशासन ने गांव में स्वच्छता का संदेश दिया। उपायुक्त सोनल गोयल ने पहले तो गांव में ग्रामिणों संग मिलकर स्व्च्छता को लेकर साफ-सफाई की, इसके बाद डीसी ने झंडी दिखाकर एक स्व्च्छता साइकल रैली को भी रवाना किया। बाद में उपायुक्त ने ग्रामीण महिलाओं के साथ विभिन्न खेलकूद प्रतियोगिता में स्वंय हिस्सा लिया।

महिलाओं के साथ मटका रेस व रस्साकशी सहित तमाम खेलों में रूचि दिखाई। वहीं जिला उपायुक्त सोनल गोयल ने कहा कि माननीय मुख्यमंत्री के आह्वान पर अलग-अलग गांव में रात्रि चौपाल लगाई जाती है। इसी कड़ी में धनीरवास गांव में रात्रि चौपाल लगाई गई जहां लोगों को ससस्याएं सुनी गई। साथ ही शुक्रवार की सुबह महिलाओं की खेलकुद प्रतियोगिता कराई गई। साथ ही स्वच्छता साइकल रैली को भी रवाना किया। उपायुक्त का कहना था कि उनका प्रयास रहता है कि ग्रामीण महिलाओं व युवतियों को आगे लाए। उनके अंदर छिपी प्रतिभाओं को निखारा जाए।